भारत के वनों में कौन-सा पद वर्गीकरण या पहचान “भारतीय वन सर्वेक्षण की वन-आवरण घनत्व श्रेणी” तथा “इसमें 70 प्रतिशत या अधिक छत्र घनत्व वाली भूमि शामिल है” से सही रूप से संबंधित है?
Last Updated:
Last Updated:
सही उत्तर: विकल्प A — अत्यधिक सघन वन। अत्यधिक सघन वन की सही पहचान भारतीय वन सर्वेक्षण की वन-आवरण घनत्व श्रेणी के रूप में होती है। अत्यधिक सघन वन का संबंध इसमें 70 प्रतिशत या अधिक छत्र घनत्व वाली भूमि शामिल है से भी है। अत्यधिक सघन वन की एक अन्य पहचान घनत्व सीमा पूरी होने पर मैंग्रोव आवरण भी इस श्रेणी में आ सकता है है। अत्यधिक सघन वन का एक और परीक्षा उपयोगी तथ्य इसका छत्र मध्यम सघन और खुले वन से अधिक घना होता है है। अन्य विकल्प गलत क्यों हैं: • विकल्प B — मध्यम सघन वन: मध्यम सघन वन भारतीय वन सर्वेक्षण की वन-आवरण घनत्व श्रेणी है। यहां यह गलत है क्योंकि मध्यम सघन वन का वास्तविक संबंध इसका छत्र घनत्व 40 प्रतिशत या अधिक किंतु 70 प्रतिशत से कम होता है से है। • विकल्प C — खुला वन: खुला वन भारतीय वन सर्वेक्षण की वन-आवरण घनत्व श्रेणी है। यहां यह गलत है क्योंकि खुला वन का वास्तविक संबंध इसका छत्र घनत्व 10 प्रतिशत या अधिक किंतु 40 प्रतिशत से कम होता है से है। • विकल्प D — झाड़ीदार वन भूमि: झाड़ीदार वन भूमि छोटे या अविकसित वृक्षों की कमजोर वृद्धि वाली वन भूमि है। यहां यह गलत है क्योंकि झाड़ीदार वन भूमि का वास्तविक संबंध भारतीय वन सर्वेक्षण की योजना में इसका छत्र घनत्व 10 प्रतिशत से कम होता है से है। परीक्षा सार: अत्यधिक सघन वन को “भारतीय वन सर्वेक्षण की वन-आवरण घनत्व श्रेणी” और “इसमें 70 प्रतिशत या अधिक छत्र घनत्व वाली भूमि शामिल है” से जोड़कर याद रखें।