भारत की मिट्टियों में कौन-सा पद उद्गम या स्थान “हिमालय और अन्य उच्चभूमि क्षेत्रों में पाई जाती है” तथा “ऊंचाई और ढाल के साथ बनावट और ह्यूमस की मात्रा काफी बदलती है” से सही रूप से संबंधित है?
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सही उत्तर: विकल्प B — वन और पर्वतीय मिट्टी। वन और पर्वतीय मिट्टी की सही पहचान हिमालय और अन्य उच्चभूमि क्षेत्रों में पाई जाती है के रूप में होती है। वन और पर्वतीय मिट्टी का संबंध ऊंचाई और ढाल के साथ बनावट और ह्यूमस की मात्रा काफी बदलती है से भी है। वन और पर्वतीय मिट्टी की एक अन्य पहचान ऊंचाई और ढाल के साथ बनावट और ह्यूमस की मात्रा काफी बदलती है है। वन और पर्वतीय मिट्टी का एक और परीक्षा उपयोगी तथ्य सीढ़ीदार और घाटी क्षेत्र चाय, मसाले और समशीतोष्ण फल उगा सकते हैं है। अन्य विकल्प गलत क्यों हैं: • विकल्प A — लवणीय और क्षारीय मिट्टी: लवणीय और क्षारीय मिट्टी शुष्क क्षेत्रों, खराब जलनिकास वाले मैदानों और कुछ तटीय क्षेत्रों में पाई जाती है है। यहां यह गलत है क्योंकि लवणीय और क्षारीय मिट्टी का वास्तविक संबंध रेह, ऊसर और कल्लर लवण-प्रभावित भूमि से जुड़े क्षेत्रीय नाम हैं से है। • विकल्प C — पीटमय और दलदली मिट्टी: पीटमय और दलदली मिट्टी केरल के कुछ भागों, तटीय आर्द्रभूमियों और खराब जलनिकास वाले अवसादों में पाई जाती है है। यहां यह गलत है क्योंकि पीटमय और दलदली मिट्टी का वास्तविक संबंध इसमें सामान्यतः अधिक ह्यूमस होता है और यह अम्लीय हो सकती है से है। • विकल्प D — खादर: खादर नदियों के निचले बाढ़ मैदानों में बार-बार निक्षेपित होता है है। यहां यह गलत है क्योंकि खादर का वास्तविक संबंध नई गाद का पुनर्निक्षेपण इसे सामान्यतः अत्यधिक उपजाऊ बनाता है से है। परीक्षा सार: वन और पर्वतीय मिट्टी को “हिमालय और अन्य उच्चभूमि क्षेत्रों में पाई जाती है” और “ऊंचाई और ढाल के साथ बनावट और ह्यूमस की मात्रा काफी बदलती है” से जोड़कर याद रखें।