यह युग्मित प्रश्न दो स्वतंत्र ऐतिहासिक संबंधों की जाँच करता है और दिए गए क्रम में दोनों उत्तर सही होना आवश्यक है। पहले कथन का सत्यापित उत्तर 1947–48 का कश्मीर युद्ध है। समयक्रम के आधार पर 1947–48 का कश्मीर युद्ध प्रश्न में माँगे गए स्थान पर आता है। किसी समकालीन व्यक्ति का सामान्य संबंध इस सटीक भूमिका का विकल्प नहीं बनता। यह विकास राष्ट्रीय आंदोलन के उस व्यापक क्रम का हिस्सा था जिसमें संवैधानिक वार्ता, बहिष्कार, जन-आंदोलन, सविनय अवज्ञा और क्रांतिकारी गतिविधियाँ अलग-अलग रणनीतियों के रूप में सामने आईं; निकटवर्ती अधिवेशनों और चरणों की भूमिकाओं को अलग समझना आवश्यक है; यही अंतर यहाँ 1947–48 का कश्मीर युद्ध पर लागू होता है। दूसरे कथन का समर्थित उत्तर 1946 है। प्रश्न में दिए गए संदर्भ के अनुसार सही उत्तर 1946 है। उस सीमित संदर्भ में 1946 अन्य प्रसिद्ध नामों से अलग पहचाना जाता है। यह विकास राष्ट्रीय आंदोलन के उस व्यापक क्रम का हिस्सा था जिसमें संवैधानिक वार्ता, बहिष्कार, जन-आंदोलन, सविनय अवज्ञा और क्रांतिकारी गतिविधियाँ अलग-अलग रणनीतियों के रूप में सामने आईं; निकटवर्ती अधिवेशनों और चरणों की भूमिकाओं को अलग समझना आवश्यक है; यही अंतर यहाँ 1946 पर लागू होता है। न तो 1945 और न 1947 अपेक्षित प्रमाण से मेल खाते हैं; 1949 का संबंध इसलिए सही क्रमित युग्म 1947–48 का कश्मीर युद्ध और फिर 1946 है। केवल एक सही घटक वाला विकल्प स्वीकार नहीं किया जा सकता, क्योंकि प्रश्न पूर्ण दो-भागीय मिलान माँगता है। यह प्रारूप समयक्रम, भूमिका और विकल्प तुलना की क्षमता मजबूत करता है।