प्रश्न में पूछे गए बिहार-विशिष्ट तथ्य से मेल खाने वाला उत्तर तिनकठिया प्रणाली है। चंपारण सत्याग्रह 1917 को महात्मा गांधी ने तिनकठिया प्रणाली (तिनकठिया प्रथा) के विरुद्ध शुरू किया था। इस शोषणकारी प्रणाली के तहत, बिहार के चंपारण क्षेत्र में यूरोपीय नील बागान मालिक किसानों को अपनी 3/20 (तीन कट्ठा) भूमि पर अनिवार्य रूप से नील की खेती करने के लिए मजबूर करते थे। जब अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सिंथेटिक नील ने प्राकृतिक नील की जगह लेनी शुरू की, तो बागान मालिकों ने किसानों से भारी मुआवजा या जुर्माना वसूलना शुरू किया। गांधी को स्थानीय किसान नेता राज कुमार शुक्ल ने चंपारण आने के लिए आमंत्रित किया। नमक कर 1930 के दांडी मार्च (नमक सत्याग्रह) का लक्ष्य था। जमींदारी प्रणाली में जमींदारों द्वारा किसानों का शोषण था लेकिन यह 1917 के चंपारण आंदोलन का विशेष लक्ष्य नहीं था। रैयतवारी प्रणाली मद्रास और बंबई प्रेसीडेंसी में प्रचलित भूमि राजस्व प्रणाली थी। 1917 के चंपारण कृषि अधिनियम ने अंततः तिनकठिया प्रणाली को समाप्त किया। ‘1917 का चंपारण सत्याग्रह, भारत में गांधी का अहिंसक सविनय अवज्ञा का पहला प्रयोग, किस प्रणाली के विरुद्ध शुरू किया गया था?’ में निर्णायक संकेत प्रश्न में दिया सटीक स्थान, संस्था, घटना, भौतिक विशेषता या प्रशासनिक श्रेणी है। Bihar GK प्रश्नों में पड़ोसी जिलों, नदियों, ऐतिहासिक केंद्रों, व्यक्तियों या संस्थाओं को distractor बनाया जाता है, इसलिए केवल परिचित नाम पहचानना पर्याप्त नहीं है। अन्य विकल्प नमक कर, जमींदारी प्रणाली, रैयतवारी प्रणाली बिहार से जुड़े वास्तविक शब्द हो सकते हैं, पर वे पूछे गए पूरे संबंध को पूरा नहीं करते। सही विधि में पहले विषय—भूगोल, इतिहास, राजव्यवस्था, अर्थव्यवस्था या संस्कृति—पहचानें और फिर स्थान, काल तथा कार्य को अलग-अलग जाँचें। कालक्रम प्रश्न में घटना को उचित ऐतिहासिक चरण में रखें; भूगोल में विशेषता को सही जिला, नदी-तंत्र या सीमा से जोड़ें; प्रशासन में संस्था का सटीक नाम सुरक्षित रखें।