भारत में ज्ञात सबसे पुराना मध्यपाषाण कालीन स्थल है?
व्याख्या
्रश्न में जिस स्थल, खोज, वस्तु, कालक्रम, भौगोलिक स्थिति, उत्खननकर्ता अथवा सांस्कृतिक विशेषता का संकेत है, उसका सही संबंध इसी विकल्प से बनता है। विकल्पों का विश्लेषण: चोपानी मांडो सही है, क्योंकि यह प्रश्न की सटीक ऐतिहासिक शर्त पूरी करता है। सराय नाहर राय और महादहा गलत है, क्योंकि उसका संबंध किसी दूसरे स्थल, खोज, काल या स्थान से है। बागौर प्राचीन भारतीय इतिहास का महत्वपूर्ण शब्द हो सकता है, पर उसका प्रमुख पुरातात्त्विक प्रमाण यहाँ पूछे गए तथ्य से मेल नहीं खाता। लंघनाज भी गलत है, क्योंकि स्थल–विशेषता, व्यक्ति–उत्खनन, नदी–नगर अथवा कालक्रम की उसकी जोड़ी अलग है। परीक्षा में पहले प्रश्न का प्रकार पहचानें। स्थल पूछा गया हो तो उसका आधुनिक स्थान, निकट नदी, उत्खननकर्ता और प्रमुख खोज याद करें। वस्तु पूछी गई हो तो उसके प्राप्ति-स्थल, सामग्री और संभावित उपयोग में अंतर रखें। तिथि संबंधी प्रश्न में प्रारंभिक, परिपक्व और उत्तर हड़प्पा चरणों को अलग रखें। अतः विकल्प C, चोपानी मांडो, correct-index और व्याख्या के अनुसार सही उत्तर है।C सही है। चोपानी मांडो (उत्तरप्रदेश) भारत में ज्ञात सबसे प्राचीन मेसोलिथिक स्थल है। सराय नाहर राय व महदहा महत्वपूर्ण दफन स्थल हैं; बाघोर सबसे बड़ा है; लंघराज गुजरात में है।