कैबिनेट मिशन सही रूप से 1946 वर्ष से जुड़ा है, क्योंकि इसने संविधान सभा और त्रि-स्तरीय संघीय व्यवस्था का प्रस्ताव रखा। कैबिनेट मिशन के बारे में: इसके प्रस्ताव पर बनी संविधान सभा की पहली बैठक 9 दिसंबर 1946 को हुई, और इसी सभा ने आगे चलकर स्वतंत्र भारत का संविधान तैयार किया। कैबिनेट मिशन भारत के राष्ट्रीय आंदोलन (1927-1947) के कालखंड का हिस्सा है, और परीक्षा में इसे प्रायः इसी समयरेखा की पड़ोसी घटनाओं के साथ जोड़कर पूछा जाता है। नेहरू रिपोर्ट गलत है क्योंकि नेहरू रिपोर्ट 1928 में हुआ था, 1946 में नहीं, इसलिए यह कैबिनेट मिशन से जुड़े इस प्रश्न में फिट नहीं बैठता। दांडी मार्च गलत है क्योंकि दांडी मार्च 1930 में हुआ था, 1946 में नहीं, इसलिए यह कैबिनेट मिशन से जुड़े इस प्रश्न में फिट नहीं बैठता। पूना समझौता गलत है क्योंकि पूना समझौता 1932 में हुआ था, 1946 में नहीं, इसलिए यह कैबिनेट मिशन से जुड़े इस प्रश्न में फिट नहीं बैठता। SSC CGL, SSC CHSL, राज्य PSC और रेलवे जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं में कैबिनेट मिशन (1946) से जुड़ा प्रश्न अक्सर पूछा जाता है, इसलिए वर्ष, प्रमुख व्यक्ति और परिणाम को एक साथ याद रखने से राष्ट्रीय आंदोलन की समयरेखा की अन्य घटनाओं से भ्रम नहीं होता। कैबिनेट मिशन की तैयारी करने वाले उम्मीदवारों को इससे ठीक पहले और बाद की घटनाओं को भी 1927-1947 की समयरेखा में दोहराना चाहिए, क्योंकि प्रश्न बनाने वाले प्रायः निकटवर्ती वर्षों और जुड़े व्यक्तित्वों का उपयोग विकल्पों में करते हैं। याद रखें: कैबिनेट मिशन — 1946 — पेथिक-लॉरेंस, स्टैफर्ड क्रिप्स और ए.